कैमोर में दो औद्योगिक इकाइयों के दशहरा आयोजनों में उमड़ा भारी जनसमूह, राम दरबार की पूजा-अर्चना के बाद हुआ विशालकाय रावण का दहन; आतिशबाजी ने बांधा समां
कैमोर, कटनी। आस्था, परंपरा और उत्सवी उल्लास के बीच कैमोर का विजयादशमी समारोह इस बार खासा आकर्षण का केंद्र रहा। अडानी एसीसी और एवरेस्ट कंपनी के दशहरा मैदानों में बड़ी संख्या में लोग रावण दहन देखने पहुंचे। क्षेत्रीय विधायक एवं मध्यप्रदेश शासन के पूर्व राज्यमंत्री संजय सत्येंद्र पाठक के कार्यक्रम स्थलों पर पहुंचने के साथ ही उत्साह और बढ़ गया। आयोजकों के अनुसार, दोनों मैदानों में जनभागीदारी उल्लेखनीय रही और पूरा वातावरण जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा।
औद्योगिक नगरी कैमोर में दशहरे का यह आयोजन केवल रावण दहन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि धार्मिक आस्था, सामाजिक सहभागिता और पारंपरिक उत्सव का बड़ा संगम बनकर सामने आया। एसीसी दशहरा मैदान में पहले से ही भारी भीड़ मौजूद थी। विधायक संजय पाठक के आगमन पर लोगों ने उनका स्वागत किया और मंच तक पहुंचने के दौरान आयोजन स्थल पर विशेष चहल-पहल देखने को मिली।
एसीसी मैदान में भव्य स्वागत, राम दरबार में की पूजा-अर्चना
अडानी एसीसी दशहरा मैदान पहुंचने पर विधायक संजय सत्येंद्र पाठक का कंपनी के महाप्रबंधक सुदीप्ता मंडल, एचआर प्रमुख दिनेश पाठक, कैमोर नगर परिषद अध्यक्ष पलक नमित ग्रोवर तथा विजयराघवगढ़ नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती दुबे ने गुलदस्ता भेंट कर स्वागत किया।
इसके बाद विधायक ने मंच पर स्थापित भगवान श्रीराम के दरबार में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण और वीर हनुमान के समक्ष शीश नवाकर क्षेत्र की सुख-समृद्धि और नागरिकों की खुशहाली की कामना की।
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण 100 फीट से अधिक ऊंचे रावण के पुतले का दहन रहा। जैसे ही पुतले ने आग पकड़ी, मैदान में मौजूद लोगों ने आतिशबाजी के बीच विजयादशमी का उत्सव मनाया। रोशनी और पटाखों की गूंज ने माहौल को उत्सवी रंगों से भर दिया।
एवरेस्ट ग्राउंड में भी दिखा उत्साह, चुनरी ओढ़ाकर किया स्वागत
एसीसी मैदान में कार्यक्रम के बाद विधायक संजय पाठक का काफिला एवरेस्ट कंपनी के दशहरा मैदान पहुंचा। यहां भी बड़ी संख्या में लोग रावण दहन के साक्षी बनने के लिए एकत्रित हुए थे। एवरेस्ट प्रबंधन ने माता की चुनरी ओढ़ाकर और पुष्पगुच्छ भेंट कर विधायक का स्वागत किया।
विधायक ने यहां भी राम दरबार में पूजा-अर्चना की। इसके पश्चात रावण के पुतले का दहन किया गया। रंग-बिरंगी आतिशबाजी और लोगों के उत्साह ने दूसरे मैदान में भी दशहरा समारोह को यादगार बना दिया।
दोनों आयोजन स्थलों पर धार्मिक अनुष्ठानों के साथ बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश प्रमुखता से सामने आया। विजयादशमी का पर्व लोगों के लिए पारिवारिक मेल-मिलाप और सामूहिक उत्सव का अवसर भी बना।
जनप्रतिनिधियों और उद्योग जगत की रही मौजूदगी
समारोह में नगर परिषद उपाध्यक्ष संतोष केवट, पार्षदगण, पूर्व उपाध्यक्ष अजय शर्मा, समाजसेवी एवं उद्योगपति नमित ग्रोवर, मंडल अध्यक्ष भवानी राजा मिश्रा, जिला महामंत्री मनीष देव मिश्रा और हरीश दुबे सहित क्षेत्र के अनेक जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया गया। एसडीओपी वीरेंद्र धार्वे और कैमोर थाना प्रभारी आशीष कुमार शर्मा के नेतृत्व में पुलिस बल तैनात रहा। आयोजकों के अनुसार, दोनों स्थानों पर कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुए।
नौ दिनों की कवरेज के लिए पत्रकार गुलशन चक्रवर्ती का सम्मानपूर्वक उल्लेख
आयोजन के समापन पर समिति के प्रमुख सदस्य श्याम पंजवानी ने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी लोगों और मीडिया प्रतिनिधियों के प्रति आभार जताया। उन्होंने पीबीसी न्यूज़ (पुलिस ब्यूरोक्रेट्स न्यूज़) चैनल तथा दैनिक सांध्य समाचार पत्र ‘प्रदेश टुडे’ के स्थानीय संवाददाता गुलशन चक्रवर्ती की विशेष रूप से सराहना की।
पंजवानी ने कहा कि गुलशन चक्रवर्ती ने लगातार नौ दिनों तक दशहरा आयोजन से जुड़ी गतिविधियों की कवरेज की। उनके अनुसार, इस मीडिया कवरेज से कैमोर के दशहरा समारोह की जानकारी व्यापक स्तर पर लोगों तक पहुंचाने में मदद मिली।
विधायक ने दी पर्वों की शुभकामनाएं, क्षेत्र की खुशहाली की कामना
विधायक संजय सत्येंद्र पाठक ने क्षेत्रवासियों को शारदीय नवरात्र, विजयादशमी और आगामी दीपावली की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने सभी परिवारों के सुखी, समृद्ध और स्वस्थ रहने की कामना करते हुए जनसेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता की खुशहाली और विकास उनकी प्राथमिकताओं में शामिल हैं तथा वे नागरिकों के हित में लगातार काम करते रहेंगे।
आस्था, परंपरा और सामूहिक सहभागिता का संदेश
कैमोर के एसीसी और एवरेस्ट मैदानों में आयोजित दशहरा समारोह ने एक बार फिर विजयादशमी की सांस्कृतिक महत्ता को रेखांकित किया। विशालकाय रावण दहन, धार्मिक पूजा-अर्चना, आतिशबाजी और जनभागीदारी के बीच लोगों ने बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व मनाया। कैमोर में आयोजित इन कार्यक्रमों ने स्थानीय स्तर पर दशहरे की परंपरा और सामूहिक उत्सव की भावना को मजबूती से सामने रखा।
कैमोर ब्यूरो गुलशन चक्रवर्ती की कलम से ✍️



